आवाज़ जनादेश / न्यूज़ ब्यूरो शिमला
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय पांच अनुसंधान केंद्रों को नए शैक्षणिक सत्र में शुरू करने की तैयारी कर रहा है। इन शोध अनुसंधान केंद्रों में सर्टिफिकेट कोर्स शुरू किए जाएंगे। विश्वविद्यालय परिसर से इन सर्टिफिकेट कोर्स की शुरूआत की जाएगी। यहां ट्रायल सफल होने के बाद इन कोर्सों को कॉलेजों के छात्रों को भी मुहैया करवाने की योजना है। विश्वविद्यालय की 2 जुलाई को होने वाली बैठक में शोध केंद्रों के खोलने के लिए बनाए जा रहे प्रस्ताव और इनमें शुरू किए जाने वाले सर्टिफिकेट कोर्स के पाठ्यक्रम सहित पूरा खाका तैयार किया जा रहा है। कुलपति प्रो. महावीर सिंह ने विवि में अधिकारियों के साथ बैठक कर इस पर लंबी चर्चा की और मिलकर एकेडमिक काउंसिल के लिए प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए।
बैठक में विवि के अधिष्ठाता अध्ययन प्रो. बीके शिवराम सहित अन्य अधिष्ठाता भी शामिल हुए। विश्वविद्यालय में रिस्क रिडक्शन एंड रेलिसिएंस सेंटर, साइबर फिजिकल सिस्टम एंड आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सेंटर, ग्रीन एंड नैनो टेक्नोलॉजी सेंटर, इंडिया नॉलेजस सिस्टम एंड इंडिया मैथेमेटिक्स रिसर्च सेंटर, और पहाड़ी कल्चर एंड हेरिटेज रिसर्च सेंटर स्थापित किए जाने हैं। इन सेंटर में संबद्ध कॉलेजों के शिक्षक भी शोध और अनुसंधान कर सकेंगे। विश्वविद्यालय के नए कुलपति प्रो. महावीर सिंह करीब तीन साल के अंतराल के बार दो जुलाई को पूरी एकेडमिक काउंसिल की बैठक करवा रहे हैं। इसमें विश्वविद्यालय और संबद्ध कॉलेजों से मनोनीत सदस्य शिक्षक और प्राचार्य भी भाग लेंगे। इन सभी सदस्यों से शोध केंद्रों और उनके सर्टिफिकेट कोर्स शुरू करने सहित पाठ्यक्रम और अन्य अकादमिक मामलों पर विस्तृत चर्चा होगी।
राज्यपाल ने कुलपति से की चर्चा
राज्यपाल शिव प्रताप सिंह शुक्ला के वीरवार को हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय में समारोह में शिरकत करने के लिए हुए दौरे के दौरान राज्यपाल ने कुलपति प्रो. महावीर सिंह के साथ बैठकर विश्वविद्यालय की मौजूदा स्थिति और भविष्य की योजनाओं के बारे में जानकारी ली। इस मौके पर राज्यपाल ने कुलपति के विश्वविद्यालय और छात्र औरकर्मचारियों के हित में लिए जा रहे फैसलों और कार्यों की सराहना की और आवश्यक दिशा निर्देश भी दिए। राज्यपाल ने कुलपति से कहा कि वे स्वयं एक वैज्ञानिक हैं, विश्वविद्यालय के शैक्षणिक और शोध में गुणात्मक सुधार की दिशा में ले जाने के लिए कार्य करें।


