आवाज जनादेश/न्यूज ब्यूरो शिमला
हिमाचल प्रदेश सरकार ने विदेश में नौकरी की चाहत रखने वाले युवाओं के लिए एक बड़ी राहत की घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने बताया कि अब प्रदेश के लोगों को विदेशों में रोजगार पाने के लिए किसी भी एजेंट को पैसे देने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। हिमाचल प्रदेश इलेक्ट्रॉनिक्स विकास निगम (HPSEDC) को विदेश मंत्रालय से भर्ती एजेंट लाइसेंस प्राप्त हो गया है, जिससे निगम अब आधिकारिक तौर पर विदेशी नियोक्ताओं के लिए भारतीय श्रमिकों की भर्ती कर सकेगा।
मुख्यमंत्री ने इस पहल को प्रदेश के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश अब भारत के उन अग्रणी राज्यों में शामिल हो गया है जो निजी लाइसेंस धारकों के माध्यम से नहीं, बल्कि सरकारी स्तर पर श्रमिकों को विदेश में रोजगार के अवसर प्रदान करेगा। इससे विदेश में नौकरी के इच्छुक लोगों को एजेंटों द्वारा गुमराह होने से बचाया जा सकेगा और उन्हें रोजगार के उचित और सुरक्षित अवसर मिलेंगे।
HPSEDC को मिले इस लाइसेंस से निगम अब अंतरराष्ट्रीय रोजगार नियुक्तियों को नियंत्रित करने वाले नियमों का पूरी तरह से पालन सुनिश्चित कर पाएगा। यह भर्ती एजेंट लाइसेंस निगम की विश्वसनीयता और कानूनी स्थिति को और अधिक सुदृढ़ करेगा, जिससे प्रदेश के लोगों को विदेशों में काम करने के बेहतर अवसर उपलब्ध होंगे।
सरकार का यह कदम उन हजारों युवाओं के लिए एक उम्मीद की किरण है जो विदेशों में बेहतर आजीविका की तलाश में हैं और अक्सर धोखाधड़ी का शिकार हो जाते हैं। अब सरकारी माध्यम से वे बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के सुरक्षित और वैध रोजगार के अवसर प्राप्त कर सकेंगे।


