आवाज़ जनादेश / न्यूज़ ब्यूरो शिमला
संशोधित होम स्टे रूल विधि विभाग की स्वीकृति के बाद अधिसूचित होंगे। मंत्रिमंडल की स्वीकृति के बाद संशोधित होम स्टे रूल्स 2025 की फाइल विधि विभाग को भेजी गई है। हितधारकों की आपत्तियां और सुझावों के आधार पर मुख्यमंत्री के निर्देशों पर बीते दिनों हुई मंत्रिमंडल की बैठक में होम स्टे रूल्स को स्वीकृति दी गई थी।
संशोधित नियमों के बाद अब हिमाचल प्रदेश में होम स्टे संचालक अब 3000 से 10,000 या इससे भी अधिक तक कमरे का किराया वसूल सकेंगे। संशोधित होम स्टे रूल्स 2025 में यह प्रावधान किया गया है। होम स्टे रूल्स 2025 में संशोधन कर पंचायतों में होम स्टे चलाने वालों को राहत दी गई है। 3000 से कम किराये वाले होम स्टे में बिजली-पानी के घरेलू कलेक्शन लगेंगे। फरवरी माह में होम स्टे संचालन को व्यवसायिक गतिविधि मानते हुए बिजली-पानी के व्यवसायिक कनेक्शन अनिवार्य किए गए थे। इसे लेकर ग्रामीण क्षेत्रों के होम स्टे चालकों ने आपत्ति की थी, क्योंकि यहां अधिकतर बेरोजगार स्वरोजगार के लिए होम स्टे चला रहे हैं। जबकि शहरी क्षेत्रों में होटलों की तर्ज पर होम स्टे और बेड एंड ब्रेकफास्ट चल रहे हैं।
अवैध संचालन पर अब पुलिस केस
अवैध रूप से चलाए जा रहे होम स्टे संचालक के खिलाफ अब पुलिस केस होगा। नगर निगम, टीसीपी, साडा और नगर पंचायत क्षेत्रों में सीवरेज और गारबेज शुल्क व्यावसायिक दरों पर चुकाना होगा। अतिथियों के रिकाॅर्ड के लिए रजिस्टर लगाना अनिवार्य होगा, बिल बुक, सीसीटीवी कैमरे, अग्निशमन सुरक्षा उपकरण, वर्षा जल संग्रहण प्रणाली लगाने होंगे। आवेदन के 30 दिन के भीतर संचालन की अनुमति मिल जाएगी।
स्थिरता प्रमाणपत्र की अनिवार्यता खत्म
प्रदेश सरकार ने संरचना स्थिरता प्रमाणपत्र, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के एनओसी और कमरों व बाथरूम के आकार को लेकर लगाई शर्त हटा दी है। 20 साल से अधिक समय से प्रदेश में रह रहे अन्य राज्यों के निवासी भी आवेदन कर सकेंगे।
पंजीकरण शुल्क भी तय
श्रेणी नगर निगम क्षेत्र टीसीपी साडा नगर पंचायत ग्राम पंचायत
सिल्वर 8000 5000 3000
गोल्डन 12,000 8000 6000
डायमंड 18,000 12,000 10,000


